तमिलनाडु का इतिहास । History of Tamilnadu in hindi

तमिलनाडु का संपूर्ण इतिहास और रोचक तथ्य

तमिलनाडु का संपूर्ण इतिहास और संस्कृति (History of Tamil Nadu in Hindi) भारत के दक्षिणी भाग की प्राचीन सभ्यता, मंदिरों, कला और परंपराओं की एक अनोखी कहानी है। यह राज्य अपने भव्य मंदिरों, शास्त्रीय नृत्य भरतनाट्यम, प्राचीन साहित्य और समृद्ध द्रविड़ संस्कृति के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। प्राचीन समय में यहाँ चोल, चेर और पांड्य जैसे शक्तिशाली राजवंशों ने शासन किया, जिन्होंने बड़े-बड़े मंदिर, तालाब और स्थापत्य कला की अद्भुत धरोहरें बनाईं। बाद में पल्लव, विजयनगर साम्राज्य और अंग्रेजों का भी प्रभाव देखने को मिला। आज तमिलनाडु शिक्षा, उद्योग और पर्यटन के क्षेत्र में तेजी से विकास कर रहा है। इस लेख में हम तमिलनाडु का इतिहास और संस्कृति आसान हिंदी में विस्तार से जानेंगे।

तमिलनाडु राज्य का क्षेत्रफल और तमिलनाडु की जनसंख्या के कुछ महत्वपूर्ण जानकारी

दोस्तों तमिलनाडु राज्य भारत की संस्कृति का जीवन प्रतीक माना जाता है यहां पर हर उम्र हर वर्ग और हर धर्म के लोगों के करने के लिए कुछ न कुछ  करने के लिए मौजूद है यह भारत का दसवां सबसे बड़ा राज्य है जिसका क्षेत्रफल 1300058 वर्ग किलोमीटर है वर्तमान में तमिलनाडु की जनसंख्या 8.25 करोड़ के आसपास है, और यह देश का सातवां सबसे घनी आबादी वाला राज्य है, राज्यों में औसतन प्रत्येक वर्ग किलोमीटर में यहां 555 लोग रहते हैं।

तमिलनाडु में कुल 37 जिले हैं और अपनी अलग ही पहचान है तमिलनाडु की सुंदरता देखकर किसी भी सैलानी का मन यहां से वापस जाने का नहीं करता है और यहां आप समुद्री तटों पर खुलकर मौज मस्ती कर सकते है और यहां के पहाड़ों पर जाकर प्रकृति की गोद में कुछ पल की सुकून के व्यतीत कर सकते हैं और दोस्तों पहाड़ों पर बहते झरनों की सुंदरता को है शब्दों में बयान कर पाना संभव ही नहीं है यार देखो और बस देखते रहो।

तमिलनाडु के खान पान और उसके भाषा के बाड़े में रोचक तथ्य

दोस्तों तमिलनाडु में आपको शाकाहारी और मांसाहारी दोनों तरह का भोजन बहुत ही लाजवाब मिलेगा यहां के खाने में चावल तो जरूर शामिल रहता ही रहता है यार दक्षिण भारत अपने साउथ इंडियन फूड के लिए भी प्रसिद्ध है अगर आपको बेस्ट इडली डोसा उत्तपम और वडा आदि खाने है तो तमिलनाडु परफेक्ट प्लेस है तमिलनाडु ना सिर्फ भारत का बल्कि विश्व की सबसे पुराने बसे हुए राज्य में से एक है, यहां सबसे अधिक बोली जाने वाली भाषा तमिल है तमिल भाषा विश्व की सबसे प्राचीन लिपि बद्ध भाषाओं में से एक है जिसका उल्लेख 2000 साल पुराने अभिलेखों में भी मिलता है तमिल भाषा तमिलनाडु के अलावा सिंगापुर और श्रीलंका की आधिकारिक भाषा भी है इसके अलावा साउथ अफ्रीका मलेशिया और मॉरीशस जैसे देशों में भी तमिल भाषा का इस्तेमाल बोल चाल में किया जाता है हालांकि सभी अधिकारी काम तमिलनाडु में अंग्रेजी भाषा में ही किए जाते हैं।

तमिलनाडु राज्य की स्थापना और कुछ महत्वपूर्ण जानकारी

तमिलनाडु राज्य की स्थापना 26 जनवरी 1950 को हुई थी राज्य की राजधानी चेन्नई हैं जो भारत का चौथा सबसे बड़ा शहर माना जाता है चेन्नई तमिलनाडु की राजधानी होने के साथ ही साथ राज्य का सबसे प्रमुख शहर भी है इस शहर में आपको दिन में तो बेहद ही शांति देखने को मिलेगी लेकिन सुबह और शाम की चहल पहल आपको अपना दीवाना बना लेगी  सिनेमाघर के मामले चेन्नई भारत में दूसरे स्थान पर आता है चेन्नई ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री और एजुकेशन के क्षेत्र में भी तेजी से विकास कर रहा है ऑटोमोबाइल हब के नाम से मशहूर चेन्नई का ट्रांसपोर्ट सिस्टम भी काफी अच्छा है, इस शहर में मेट्रो रेल भी तोड़ती है जिससे रोजाना लाखों लोग सफर करते हैं, आईआईटी मद्रास का नाम तो आप सभी ने सुनाई होगा जो भारत के बेस्ट एजुकेशन सेंटर्स में से एक है, इसके अलावा आईपीएल में भी चेन्नई की टीमचेन्नई सुपर किंग्स की धूम रहती है यारऔर धोनी के लोग बहुत ही प्यार करते हैं जब भी चेन्नई में कोई मैच होता है तो ऐसा लगता है कि मानो शहर में कोई बड़े उत्सव की तैयारी चल रही हो आईपीएल टूर्नामेंट में चेन्नई चार बार खीताब अपने नाम कर चुकी है, तमिलनाडु भारत की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में सक्रिय भूमिका अदा करता है, महाराष्ट्र के बाद यह भारत का दूसरा सबसे मजबूत अर्थव्यवस्था वाला राज्य है इसकी वर्तमान में जीडीपी 325 बिलीयन डॉलर्स के लगभग है।

तमिलनाडुमें होने वाली त्यौहार और और वहां उगाई जाने वाली फसलें

तमिलनाडु में हर वर्ष जनवरी के मध्य में पोंगल का त्यौहार मनाया जाता है यह फसलों की कटाई से जुड़ा एक उत्सव होता है यह त्यौहार अलग-अलग राज्यों में अलग-अलग नाम से सेलिब्रेट किया जाता है पंजाब और उत्तर भारत में इसे लोहड़ी के नाम से बनाते हैं तो वहीं गुजरात महाराष्ट्र और कर्नाटक में इस त्यौहार को मकर संक्रांति का नाम दिया गया है पोंगल के अवसर पर तमिलनाडु में जल्लीकट्टू खेल का आयोजन भी किया जाता है जिसमें बैलों को आपस में लड़ाया जाता है हालांकि पिछले कुछ सालों के दौरान इस खेल पर थोड़ी सी सख्ती जड़ी की गई है और लोग सरकार से इस खेल पर प्रतिबंध लगाने की बात करें लेकिन अभी इस खेल का आयोजन चोरी छिपे हर वर्ष हो ही जाता है यार उत्सव है और यह लोग मनाएंगे, तमिलनाडु को भारत का डेट्रायट भी कहा जाता है क्योंकि आज यहां कई बड़ी-बड़ी कार कंपनियों के प्लांट्स मौजूद है और यही से गाड़ी मैन्युफैक्चर होकर पूरे देश में बेची जा रही हैबहुत कम लोग जानते हैं कि तमिलनाडु में वर्ल्ड बैंक का ऑफिस भी मौजूद है तमिलनाडु को अगर एक कृषि प्रधान राज्य कहा जाए तो यार गलत नहीं होगा यहां बड़ी मात्रा में केले का उत्पादन होता है केले के प्रति यहां के लोगों की दीवानगी का अंदाजा आप इसी बात से लगा सकते हो कि यहां पर लोग चाय के साथ केला खाना पसंद करते है।

हल्दी और साबूदाने के उत्पादन के मामले में भी तमिलनाडु देश का प्रमुख राज्य इसके अलावा चावल नारियल आम और मूंगफली जैसे कई अन्य फसलों की पैदावार यहां बड़ी पैमाने पर की जाती है।

चेन्नई मेरिन ब्रिज दुनिया का दूसरा सबसे लंबा ब्रिज क्यों माना जाता था

चेन्नई मेरिन ब्रिज दुनिया का दूसरा सबसे लंबा बीच माना जाता है जिसका तर्थ 12 किलोमीटर से अधिक फैला हुआ है, पहले नंबर पर ब्राजील के रियो डी जनेरियो में स्थित एक बीज है लेकिन मरीन ब्रिज जैसी सुंदरता आपको दुनिया के किसी भी देश पर देखने को नहीं मिलेगी आप यहां सूर्योदय और सूर्यास्त का आनंद ले सकते हो आप चाहे फैमिली के साथ आए हो या अपने पार्टनर के साथ ये जगह आपको जरूर पसंद आएगी रियल बोल रहा हूं, चेन्नई पहले मद्रास के नाम से जाना जाता था लेकिन बाद में चेन्नापटनम नाम पर इस शहर का नाम नहीं कर दिया गया  अंग्रेजों के समय में भी चेन्नई भारत का एक प्रमुख शहर हुआ करता था जीडीपी पर कैपिटा के मामले में चेन्नई भारत में तीसरे स्थान पर आता है।

इस शहर में भारत को कई महान हस्तियां दी है सुपरस्टार राजीनिकांत  से लेकर अभिनेता कमल हसन और संगीतकार ए आर रहमान तक सभी कुछ नई शहर की देन हैं।

भारत के सबसे बेहतरीन और चमत्कारी मंदिर कहां है

भारत के सबसे बेहतरीन और चमत्कारी मंदिर भी आपको कहां मिलेंगे तमिलनाडु यहां का रामेश्वरम मंदिर सबसे ज्यादा प्रसिद्ध है इसी मंदिर में विश्व का सबसे लंबा कोरियोडॉर मौजूद है इस मंदिर को देखना के लिए बड़ी दूर-दूर से लोग आते हैं, यह मंदिर यूनेस्को की वर्ल्ड हेरिटेज साइट की सूची में भी शामिल है इसके अलावा वृहदीश्वर का नाम भी आपने सुना होगा यह विश्व का पहला मंदिर है जो ग्रेनाइट पत्थर से तैयार किया गया था इस मंदिर के ऊपर 180 टन का गुंबद बना हुआ है यह पूरा गुंबद एक ही चट्टान से बना हुआ है, उसके अलावा मीनाक्षी मंदिर अष्ट लक्ष्मी मंदिर और कपिलेश्वर मंदिर जैसे अनगिनत मंदिरों की यहां भरमार है चेन्नई के इस्कॉन टेंपल की सुंदरता भी सैलानियों को अपनी ओर अवश्य आकर्षित करते हैं।

तमिलनाडु में इतने हिंदू मंदिर होने के पीछे का मुख्य कारण और  कुछ महत्वपूर्ण जानकारी

दोस्तों तमिलनाडु में इतने हिंदू मंदिर होने के पीछे का कारण है यहां का समृद्ध ज्ञान लंबे समय तक राज करने वाले सभी राज्यों के दौरान  राजाओं ने हिंदू धर्म के प्रचार प्रसार के लिए यहां मंदिरों का निर्माण कराया था और उसे समय के निर्माण कार्य की तुलना आज की किसी भी मंदिर से नहीं की जा सकती है, तमिलनाडु में आपको मंदिरों के अलावा और भी कई दार्शनिक स्थल देखने को मिल जाएंगे, एरिक् नार, अन्ना जूलॉजिकल पार्क देश का पहला पब्लिक चिड़ियाघर था जो 1855 में खोला गया था मरीन बीच के बारे में तो हमने आपको पहले ही बता दिया है, इसके अलावा ब्रिज भी सैलानियों के बीच में काफी लोकप्रिय है  यहां पर बोटैनिकल गार्डन का आनंद दिया आप ले सकते हैं यहां सेकरो तरह के रंग-बिरंगे और खुशबूदार फूलआपको मंत्र मुक्त कर देंगे यार बहुत खूबसूरत है इसके अलावा दोस्तों पूरे दक्षिण भारत की शान मानी जाने वाली पियुली केट बस आपको शांति का अनुभव होगा, आपने आज तक कई प्रकार के झरने देखे होंगे लेकिन शुरू वही झरने जैसी खुबसूरती आपको दुनिया में कहीं भी देखने को नहीं मिलेगी।

भारत की सबसे लंबी टॉय ट्रेन की जर्नी जर्नी का आनंद लेना चाहते हो तो यार तमिलनाडु के उटी शहर में आप ले सकते हो यह ऊटी नीलगिरी के पहाड़ियों में बस पर्वतीय हिल स्टेशन है यह शहर अपनी नैसर्गिक सुंदरता के लिए प्रसिद्ध है और उटी चारों ओर हरियाली से घिरी हुई है इन्हीं हरे-भरे पेड़ों और सुंदर पहाड़ियों की वजह से उठी की नेचुरल ब्यूटी सबका मनमोहन लेती है, वैसे तो साल भर यहां का मौसम सुहावना रहता है मगर सर्दियों के दिनों में मौसम बेहद ठंडा हो जाता है, तमिलनाडु के सबसे निचले तथ्य पर स्थित कन्याकुमारी के पास तीन सागरों का महासंगम है जहां बंगाल की खाड़ी अरब सागर और हिंद महासागर का मिलन होता है इस त्रिवेणी संगम भी कहा जाता है यह वही जगह है जहां पर महापुरुष स्वामी विवेकानंद जी ने भी ध्यान लगाया था, हर वर्ष 25 लाख से अधिक सैलानी की संगम का विहंगम दृश्य देखने के लिए तमिलनाडु का रूख करते हैं।

तमिलनाडु में क्रिकेट और फुटबॉल जैसे काफी लोकप्रिय है साथ ही साथ कबड्डी को भी यहां काफी प्रमोट किया  जाता है गांव कस्बों के युवा अधिकतर कबड्डी अपना समय व्यतीत करते है साहित्य के नजर में भी  तमिलनाडु भारत का एक समृद्ध राज्य है इसी राज्य में भारत की सबसे पहले बुक शॉप स्थित है जिसका नाम हिग्गी बौद्धशॉप है इसकी स्थापना लगभग 1844 में की गई थी।

तमिलनाडु भारत का एकमात्र ऐसा राज्य था जिसके ऊपर प्रथम विश्व युद्ध के दौरान हमला किया गया था प्रथम विश्व युद्ध में भारत की वैसे तो कोई भूमिका नहीं थी लेकिन ब्रिटेन के अधीन होने के कारण जर्मनी ऑस्ट्रियाऔर हंगरी की सेना  आक्रमण किया था।

तमिलनाडु घूमने के कितना समय चाहिए

अगर आप तमिलनाडु घूमना चाहते हैं ना कम से कम 10 से 12 दोनों का समय अपने साथ लेकर चलेगा ज्यादा दिन हो तो और अच्छी बात है जितने ज्यादा दिन उतना अधिक रोमांस लेकिन कम से कम 10 दिन का समय तो यहां की सुंदरता को देखने के लिए चाहिए भारत के सभी प्रमुख शहरों और हवाई अड्डों से चेन्नई या मदुरई की सीधी फ्लाइट मिल जाएगी यहां तक आप रेल रूठ के जरिए पहुंच सकते हैं अगर दक्षिण भारत के ही किसी राज्य से आप तमिलनाडु आना चाहते हैं तो अपनी गाड़ी से भी ट्रैवल करके आप यहां तक पहुंच सकते हैं।

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